


जिला नारायणपुर
जिले के बखरुपारा क्षेत्र में स्थित ‘चंदन मोबाइल’ नामक दुकान पर एक किसान के साथ धोखाधड़ी का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि दुकान संचालक द्वारा नई बताकर पुरानी व घटिया गुणवत्ता की मोटर पंप बेची गई और बाद में पैसा लौटाने से इंकार कर दिया गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दिनांक 9 जनवरी 2026 (शुक्रवार) को बखरुपारा निवासी किसान सरिता कोर्राम को दुकान संचालक उमाशंकर सिंह (ट्रेड नाम – चंदन मोबाइल) ने C.R.I Monoblock 65/50 ACM-21 (2 HP) मोटर ₹30,750 में बेची, जिसमें से ₹15,000 एडवांस के रूप में लिए गए।
परिवार द्वारा घर पर सामान देखने के बाद पाया गया कि दी गई मोटर पर पेंट उखड़ा हुआ है और जंग लगी हुई है, जिससे उसके पुराने होने का संदेह हुआ। 11 जनवरी 2026 (रविवार) को किसान, उसके परिजन और गवाह दुकान पर सामान वापस करने पहुँचे, लेकिन आरोप है कि दुकानदार ने पैसे लौटाने से मना कर दिया, मोटर अपने पास रख ली और अभद्र व्यवहार किया।
पीड़ित पक्ष का कहना है कि उन्हें जो बिल दिया गया, वह भी संदिग्ध है। बिल में CGST/SGST का स्पष्ट विवरण नहीं, इनवॉइस नंबर सही ढंग से दर्ज नहीं, तथा बिल पर अंकित पता और GST पोर्टल पर दर्ज मुख्य व्यवसाय स्थल के पते में अंतर बताया जा रहा है, जिससे बिल की वैधता पर सवाल उठते हैं।
इसके अलावा, बिल पर लिखी शर्तों—“सामान एक बार बिक जाने पर वापस नहीं होगा” और “देरी पर 18% वार्षिक ब्याज”—की जानकारी ग्राहक को पहले नहीं दी गई, बल्कि बिक्री के बाद बताने का आरोप है। पीड़ित का यह भी कहना है कि जब दुकानदार ने 18% ब्याज की शर्त लिखी है, तो ₹15,000 एडवांस और सामान दोनों अपने पास रखने की स्थिति में, देरी के लिए ग्राहक को भी उसी दर से ब्याज मिलना चाहिए।
मामले को लेकर पीड़ित पक्ष ने राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन 1915 पर शिकायत दर्ज कराई है तथा कलेक्टर महोदय/महोदया को भी लिखित शिकायत सौंपे जाने की जानकारी दी है। शिकायत के साथ फोटो और दस्तावेज़ों का पीडीएफ भी प्रस्तुत किया गया है।
इस प्रकरण को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता कोमल उसेंडी ने जिला प्रशासन और मीडिया से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो और पीड़ित किसान की राशि तत्काल वापस दिलाई जाए।




